Mathur VaishyaMathur Vaishyaसमाज • संगठन • सहयोग
हमारी पहचान

इतिहास से जुड़ा,
भविष्य की ओर बढ़ता समाज

माथुर वैश्य समाज की संगठन परंपरा, व्यापारिक ऊर्जा, सेवा भावना और सांस्कृतिक विरासत को एक विश्वसनीय डिजिटल मंच पर लाने का प्रयास।

संगठन का आरम्भ

1887 • बाह, जिला आगरा

समुदाय द्वारा प्रकाशित इतिहास के अनुसार, 1887 में बाह में एक प्रतिनिधि सम्मेलन आयोजित हुआ जिसकी अध्यक्षता शमसाबाद निवासी स्व. गणेशीलाल गुप्त ने की। यह विवरण उन्हें वर्तमान महासभा के संस्थापक व्यक्तित्व के रूप में प्रस्तुत करता है।

यह संगठन-प्रकाशित इतिहास है। मूल सम्मेलन कार्यवाही की खोज और अधिकृत अभिलेख समीक्षा जारी रहेगी।
हम कैसे संगठित हैं

राष्ट्रीय दृष्टि, स्थानीय भागीदारी

उपलब्ध वेबसाइट और 2025 मंडल निर्देशिका से प्राप्त संगठनात्मक संरचना।

01

राष्ट्रीय महासभा

नीति, दिशा, राष्ट्रीय अधिवेशन और संस्थागत समन्वय

02

मंडल

क्षेत्रीय शाखाओं और कार्यक्रमों का समन्वय

03

शाखा सभा

स्थानीय सदस्यता, सत्यापन, कार्यक्रम और सेवा

04

केंद्रीय महिला मंडल

महिला नेतृत्व और स्थानीय महिला मंडल नेटवर्क

05

सेवादल

सेवा, राहत और सामाजिक सहयोग गतिविधियाँ

06

व्यापार प्रकोष्ठ

B2B नेटवर्क, उद्यमी परिचय और व्यापार सहयोग

पारदर्शिता

कानूनी पंजीकरण एवं संस्था विवरण

कानूनी संस्था का नाम

प्रकाशन हेतु लंबित

Registration प्रकार

प्रकाशन हेतु लंबित

Registration number

प्रकाशन हेतु लंबित

Registering authority

प्रकाशन हेतु लंबित

Registered office

प्रकाशन हेतु लंबित

यह जानकारी अधिकृत registration दस्तावेज़ उपलब्ध होने पर ही प्रकाशित की जाती है — कोई अनुमानित या placeholder विवरण नहीं दिखाया जाता। Mathur Vaishya Connect एक डिजिटल मंच (platform) है। जब तक उपरोक्त पंजीकरण विवरण प्रकाशित नहीं होते, इसे अखिल भारतीय माथुर वैश्य महासभा का आधिकारिक कानूनी अभिलेख न समझें।
व्यापारआपसी अवसर और आर्थिक सशक्तिकरण
सेवासमाज और जनहित में सहयोग
संस्कृतिइतिहास, परंपरा और प्रकाशनों का संरक्षण
विश्वाससत्यापन, सहमति और जिम्मेदार डेटा उपयोग